CM Dhami reached the disaster control room
गौरीकुंड हादसे की ली अपडेट
देहरादून। CM Dhami reached the disaster control room प्रदेश भर में भारी बारिश से हो रहे नुकसान की जानकारी लेने के लिए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी सचिवालय स्थित आपदा कंट्रोल रूम पहुंचे। इस दौरान उन्होंने गौरीकुंड भूस्खलन की घटना अपडेट लिया। सीएम धामी ने अधिकारियों त्वारित कार्रवाई करने और अलर्ट रहने के निर्देश दिए।
उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग जिला स्थित गौरीकुंड में भारी भूस्खलन से 13 लोगों की लापता होने की सूचना है। मौके पर रेस्क्यू के लिए टीम पहुंची है। देर रात से जारी भारी बारिश आफत बनकर बरसी है।
आपदा कंट्रोल रूम पहुंचकर प्रदेश में हो रही भारी बारिश के संबंध में अधिकारियों के साथ बैठक कर अतिवृष्टि से प्रभावित क्षेत्रों की जानकारी ली।
बैठक के दौरान गौरीकुंड डाट पुलिया (रुद्रप्रयाग) के समीप भूस्खलन से हुए नुकसान और जिला प्रशासन, SDRF द्वारा जारी राहत एवं बचाव कार्यों की… pic.twitter.com/q3SKBhn2Ys
— Pushkar Singh Dhami (@pushkardhami) August 4, 2023
कंट्रोल रूम पहुंचे मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने रुद्रप्रयाग जिले के गौरीकुंड में हुए हादसे में संबंध में अधिकारियों से जानकारी ली। उन्होंने गौरीकुंड में चल रहे राहत बचाव कार्य में तीव्र गति लाने के निर्देश दिए। साथ ही शासन स्तर से गौरीकुंड क्षेत्र में हर संभव मदद पहुंचाने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने प्रदेश की प्रमुख नदियों के जलस्तर की भी जानकारी ली। उन्होंने कहा जिन भी क्षेत्र में जल स्तर बढ़ जाने से बाढ़ की समस्या आ रही है, उन सभी स्थानों पर अलर्ट जारी किया जाए, एवं सभी लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जाए।
उन्होंने भूस्खलन की दृष्टि से संवेदनशील इलाकों के आसपास बनी इमारत एवं कच्चे मकानों में रह रहे लोगों को भी सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाए जाने के लिए कहा। सीएम धामी ने कहा कि गौरीकुंड में हुए हादसे के बाद लगातार राहत बचाव कार्य जारी है।
लापता लोगों को ढूंढने हेतु सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है। हादसे में मृतक एवं लापता लोगों के परिजनों से भी संपर्क किया जा रहा है। एसडीआरएफ जिला प्रशासन सभी टीमें मौके पर मौजूद हैं। किसी भी स्थिति से निपटने के लिए शासन प्रशासन पूरी तरह तैयार है।
बारिश के कारण चट्टान टूटने की सूचना देर रात मिली थी, जिसके बाद एसडीआरएफ सहित जिला प्रशासन की टीम मौके पर रेस्क्यू के लिए पहुंची थी, लेकिन रात को रेस्क्यू करने में आ रही दिक्कतों के कारण अभियान को रोकना पड़ा। इसके बाद सुबह फिर रेस्क्यू शुरू किया गया, लेकिन लगातार बारिश चुनौती बनी हुई है।



